Panchkula

टेंशन न लें, आपके कागजात वेरीफाई कर सकता है कोई भी पूर्व पार्षद

सिटी न्यूज7 ,पंचकूला। शहर के लोगों को इस बात की टेंशन नहीं रहनी चाहिए कि नगर निगम का कार्यकाल पूरा होने के बाद उनके कागजात वेरीफाई कौन करेगा। या फिर.. उन्हें इधर-उधर धक्के खाने पड़ेंगे।
टेंशन लेने की बात भी नहीं है कि अब तक नगर निगम ने आधिकारिक तौर पर चिट्ठी जारी नहीं की है कि कागजात वेरीफाई करने का अधिकार किसे प्राप्त और कब तक। इस संदर्भ में हरियाणा नगर निगम एक्ट-1994 की जानकारी रखने वालों का कहना है कि कोई भी पूर्व पार्षद (2003 में हुए नगर परिषद चुनाव से लेकर) आपके कागजात वेरीफाई कर सकता है।
एक्ट में ऐसा कोई प्रावधान नहीं है कि नगर निगम कोई चिट्ठी जारी कर सूचित करेगा। मौखिक तौर पर निवर्तमान पार्षदों को कह दिया जाता है कि वे कागजात वेरीफाई कर दें जब तक नए चुनाव नहीं होते ताकि जन-साधारण को दिक्कत महसूस न हो। बताया गया कि सालों से यह रिवायत ही चली आ रही कि गांव का कोई भी व्यक्ति जो कभी पंच रहा हो या सरपंच, या फिर पार्षद रहा हो या जिला परिषद का मेंबर अथवा मेयर, संबंधित वार्ड के बाशिंदों, जिन्हें वह निजी तौर पर जानता हो, के कागजात वेरीफाई कर सकता है।
बताया गया कि राजस्व विभाग के जारी प्रोफार्मा में यही प्रावधान रहता है कि आवेदक अपने कागजात संबंधित वार्ड के मेंबर/पूर्व मेंबर अथवा पंच-सरपंच या फिर पूर्व पंच-सरपंच से वेरीफाई करवा कर सब्मिट कर सकता है। ऐसे में पंचकूलावासियों को टेंशन न लेते हुए अपने इलाके के किसी भी पूर्व पार्षद से कागजात वेरीफाई करवा लेने चाहिएं। अभी तो निगम के चुनाव होने में समय है और सभी पार्षद रहे नुमाइंदे भी पूर्व पार्षद हो चुके हैं। ऐसे में नगर निगम के पार्षद रहे हों या फिर नगर परिषद के, सभी एक समान ही हैं। यानी कागजात किसी से भी वेरीफाई करा लें।